
चंडीगढ़, 2 अप्रैल :
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज मिल्कफेड पंजाब (वेरका) से जुड़े किसानों के लिए दूध की खरीद कीमतों में बड़े बढ़ोतरी का ऐलान किया है। यह कदम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और राज्य भर के डेयरी उत्पादकों के लिए बेहतर आय सुनिश्चित करने की दिशा में एक अहम पहल है। 1 अप्रैल, 2026 से लागू नई दरों से लाखों किसानों को सीधे लाभ मिलने की उम्मीद है, जबकि पूरे डेयरी क्षेत्र में कीमतों में व्यापक वृद्धि होगी।
एक बयान में मुख्यमंत्री कार्यालय ने कहा, “एक और बड़ी किसान-पक्षीय पहल के तहत मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार ने वीरवार को मिल्कफेड पंजाब (वेरका ब्रांड) से जुड़े किसानों के लिए दूध की खरीद कीमत में बढ़ोतरी की घोषणा की है।”
मुख्यमंत्री कार्यालय ने आगे बताया, “ये दरें 1 अप्रैल, 2026 से लागू होंगी। इससे दूध की खरीद कीमत में 10 से 15 रुपये प्रति किलोग्राम फैट की बढ़ोतरी होगी। इस फैसले का उद्देश्य डेयरी किसानों के लिए बेहतर आय सुनिश्चित करना, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करना और पंजाब में सहकारी डेयरी ढांचे को सुदृढ़ करना है।”
मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुसार मिल्कफेड द्वारा यह कदम किसानों और डेयरी उत्पादकों के हितों की रक्षा के लिए उठाया गया है, जो पंजाब की ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं।
मिल्कफेड परिवार का हिस्सा बने लगभग 2.5 लाख डेयरी किसानों को तुरंत बढ़ी हुई भुगतान का लाभ मिलेगा। इस बढ़ोतरी से डेयरी किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार होगा और पंजाब के करीब 30 लाख दूध उत्पादकों को फायदा पहुंचेगा, क्योंकि अन्य कंपनियों और संस्थाओं को भी अपनी खरीद दरें बढ़ानी पड़ेंगी ताकि वे मिल्कफेड के बराबर रह सकें।
उल्लेखनीय है कि मिल्कफेड पंजाब उत्तरी भारत का एक प्रमुख सहकारी संस्थान है, जिसका पैक्ड दूध और डेयरी उत्पादों में बड़ा हिस्सा है। उद्योग में अग्रणी होने के कारण मिल्कफेड द्वारा कीमतों में बढ़ोतरी का व्यापक प्रभाव पड़ेगा और पंजाब की ग्रामीण अर्थव्यवस्था में हर महीने लगभग 100 करोड़ रुपये का अतिरिक्त प्रवाह होगा।









