तसलीमा ने भारत में यूसीसी लागू करने की वकालत की, बांग्लादेश, पाकिस्तान में इस तरह के कानून की जरूरत पर जोर दिया

बांग्लादेश की निर्वासित लेखिका तसलीमा नसरीन ने भारत में समान नागरिक संहिता लागू करने की पुरजोर वकालत करते हुए रविवार को कहा कि इस तरह का कानून खासकर महिलाओं के खिलाफ भेदभाव को खत्म करने के लिए जरूरी है। उन्होंने पड़ोसी देश बांग्लादेश और पाकिस्तान में इस तरह के कानून की जरूरत पर भी जोर दिया।
उन्होंने कहा, ‘सभी विकसित देशों में यूसीसी जैसे कानून हैं। बांग्लादेश, पाकिस्तान और भारत को समान नागरिक संहिता की जरूरत है। सभी के लिए समान कानून होना चाहिए। महिलाओं को बहुत अधिक भेदभाव का सामना करना पड़ता है, और इसमें से अधिकांश को यूसीसी के माध्यम से हटाया जा सकता है। नसरीन ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ”यह जरूरी है।
उनकी यह टिप्पणी पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा राज्य के लिए समान नागरिक संहिता (यूसीसी) के मसौदे की जांच के लिए एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किए जाने के बाद आई है।









