
चंडीगढ़, 20 मई: स्कूल शिक्षा के क्षेत्र में नया मील का पत्थर स्थापित करते हुए पंजाब देशभर में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले राज्य के रूप में उभरा है। पंजाब ने भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय के स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग द्वारा राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के लिए जारी वर्ष 2024-25 के परफॉर्मेंस ग्रेडिंग इंडेक्स (पीजीआई) 2.0 में पहला स्थान प्राप्त किया है। उल्लेखनीय है कि नीति आयोग की शिक्षा गुणवत्ता रिपोर्ट 2026 में भारत के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले राज्यों में शामिल होने के महज दो सप्ताह बाद ही पंजाब ने पीजीआई में भी यह शीर्ष स्थान हासिल किया है।
इस शानदार उपलब्धि की जानकारी साझा करते हुए पंजाब के शिक्षा मंत्री Harjot Singh Bains ने कहा कि पंजाब ने प्रचेष्टा-ग्रेड 1 (51 प्रतिशत से 60 प्रतिशत के बीच स्कोर) हासिल किया है। पंजाब के साथ यह उपलब्धि केवल केंद्र शासित प्रदेश Chandigarh ने हासिल की है। राज्य ने Kerala, Delhi, Maharashtra और Himachal Pradesh को पीछे छोड़ दिया है, जिन्हें प्रचेष्टा-ग्रेड 2 में रखा गया है।
शिक्षा मंत्री ने बताया कि पीजीआई 2.0 रैंकिंग राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को छह क्षेत्रों में उनके संयुक्त प्रदर्शन के आधार पर दी जाती है। इनमें सीखने के परिणाम एवं गुणवत्ता, पहुंच, बुनियादी ढांचा एवं सुविधाएं, समानता, प्रशासनिक प्रक्रिया तथा शिक्षक शिक्षा एवं प्रशिक्षण शामिल हैं।
Harjot Singh Bains ने बताया कि पंजाब ने 150.4 के प्रभावशाली स्कोर के साथ सबसे महत्वपूर्ण क्षेत्र ‘सीखने के परिणाम और गुणवत्ता’ में देशभर में पहला स्थान हासिल किया है। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में तीसरी, छठी और नौवीं कक्षा के विद्यार्थियों की भाषा, गणित, विज्ञान और सामाजिक विज्ञान में दक्षता का मूल्यांकन किया जाता है और इसे शैक्षणिक गुणवत्ता का सबसे प्रभावी मापदंड माना जाता है।
जिलों के लिए परफॉर्मेंस ग्रेडिंग इंडेक्स (पीजीआई-डी) 2024-25 में Barnala ने 461 अंकों के साथ राज्यभर में पहला स्थान प्राप्त करते हुए प्रतिष्ठित उत्तम-2 ग्रेड हासिल किया है। इसके बाद Sri Muktsar Sahib, Shaheed Bhagat Singh Nagar, Hoshiarpur, Sangrur, Tarn Taran और Malerkotla जिलों का स्थान रहा। इससे स्पष्ट होता है कि सभी जिलों में कक्षा शिक्षण में उत्कृष्टता सुनिश्चित की गई है। पीजीआई-डी के तहत जिलों को छह प्रमुख क्षेत्रों में रैंकिंग दी जाती है, जिनमें परिणाम, प्रभावी कक्षा संवाद, बुनियादी ढांचा सुविधाएं एवं विद्यार्थियों के अधिकार, स्कूल सुरक्षा एवं बाल संरक्षण, डिजिटल शिक्षा और प्रशासनिक प्रक्रिया शामिल हैं।
इस उपलब्धि के लिए मेहनती और समर्पित शिक्षकों को बधाई देते हुए Harjot Singh Bains ने कहा, “यह आपकी जीत है। आपके सामूहिक प्रयासों के कारण शिक्षा क्रांति एक सोच से हकीकत बनी है। देशभर में सीखने के परिणामों के क्षेत्र में शीर्ष स्थान हासिल करना दर्शाता है कि शिक्षा में रटने की बजाय समझने को प्राथमिकता देने से ये परिणाम मिले हैं। मुख्यमंत्री Bhagwant Mann के नेतृत्व में हमने पुरानी परंपरा को समाप्त कर दिया है। केरल, दिल्ली और महाराष्ट्र को पीछे छोड़ना हर पंजाबी के लिए गर्व की बात है। पंजाब के सरकारी स्कूल पूरे देश के लिए नए मानक स्थापित कर रहे हैं। हम सिर्फ स्कूल नहीं बना रहे, बल्कि ऐसा पंजाब तैयार कर रहे हैं जो भविष्य के लिए पूरी तरह तैयार है।”









