
चंडीगढ़/फरीदकोट, 29 जनवरी:
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों के अनुसार पंजाब को सुरक्षित राज्य बनाने के लिए चल रही मुहिम के तहत एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए काउंटर इंटेलिजेंस (सीआई) फरीदकोट ने सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के साथ तालमेल में फाजिल्का के गांव तेजा रुहेला स्थित सीमा चौकी (बीओपी) जीजी-3 पर सीमा पार से तस्करी की एक बड़ी कोशिश को सफलतापूर्वक नाकाम करते हुए 2.1 किलोग्राम हेरोइन और 21 अत्याधुनिक पिस्तौलें सहित गोला-बारूद बरामद किया है। यह जानकारी आज यहां पंजाब के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने दी।
बरामद किए गए हथियारों और गोला-बारूद में 22 मैगजीन सहित 11 ग्लॉक पिस्तौलें, एक मैगजीन सहित एक बेरेटा पिस्तौल, 10 मैगजीन सहित पांच ज़िगाना पिस्तौलें, पांच मैगजीन सहित तीन नोरिन्को पिस्तौलें, एक मैगजीन सहित एक गफर सिक्योरिटी पिस्तौल (एमपी-5 टाइप) तथा 310 जिंदा कारतूस (9 एमएम) शामिल हैं।
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच से सामने आया है कि पाकिस्तान आधारित तस्करों ने इस कार्रवाई को अंजाम देने के लिए जीरो लाइन पार की और रात के अंधेरे तथा घने कोहरे का फायदा उठाते हुए भारतीय क्षेत्र में हथियार और नशीले पदार्थ भेजने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि स्थिति को भांपते हुए बीएसएफ के सतर्क जवानों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए कई गोलियां चलाईं, जिसके बाद काउंटर इंटेलिजेंस टीम के साथ संयुक्त सर्च ऑपरेशन के दौरान इस कोशिश को पूरी तरह नाकाम कर दिया गया।
एआईजी सीआई गुरसेवक सिंह बराड़ ने बताया कि विश्वसनीय सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस टीमों ने बीएसएफ फाजिल्का के साथ मिलकर गुरुवार सुबह एक विशेष योजना बनाई और फाजिल्का के गांव तेजा रुहेला क्षेत्र में संयुक्त अभियान चलाया। जब पाकिस्तानी तस्करों ने खेप को आगे भेजने की कोशिश की तो बीएसएफ के तैनात जवानों ने तत्काल जवाबी कार्रवाई करते हुए इस घटना को पूरी तरह विफल कर दिया। उन्होंने कहा कि इस अभियान के परिणामस्वरूप मौके से हथियारों, गोला-बारूद और नशीले पदार्थों की बड़ी बरामदगी हुई है।
एआईजी ने कहा कि इस घटना से जुड़े स्थानीय तस्कर की पहचान कर पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश करने के लिए आगे की जांच जारी है।
इस संबंध में एनडीपीएस एक्ट की धारा 21-सी और 29 तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25 के तहत थाना एसएसओसी फाजिल्का में एफआईआर नंबर 01 दिनांक 29-01-2026 को दर्ज की गई है।









