
संगरूर, 11 मई: Bhagwant Singh Mann ने आज गांव खुराना स्थित गुरुद्वारा जोतीसर साहिब में संगत के साथ अरदास में शामिल होकर “जगत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) एक्ट-2026” लागू करने की शक्ति देने के लिए परमात्मा का शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा कि इस सख्त कानून के बनने से पंथ को काफी राहत और संतोष मिला है, जो यह सुनिश्चित करेगा कि कोई भी श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी करने की हिम्मत न करे।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने भाजपा नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि देशवासी सब देख रहे हैं कि भारत के फैसले किस तरह व्हाइट हाउस से लिए जा रहे हैं और किस प्रकार केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग राजनीतिक विरोधियों को डराने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पंजाबी कभी भी दबाव की राजनीति के आगे न झुके हैं और न ही झुकेंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि पंजाब के लोग लोकतंत्र की आवाज को दबाने की हर कोशिश का मुंहतोड़ जवाब देंगे।
अपने एक्स हैंडल पर कुछ तस्वीरें साझा करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “मुझे आज ऐतिहासिक गुरुद्वारा श्री जोतीसर साहिब (छठी पातशाही) में श्री अखंड पाठ साहिब के भोग अवसर पर शामिल होकर माथा टेकने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। मीरी-पीरी के मालिक श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी के इस पवित्र स्थान पर नतमस्तक होकर मैंने बेअदबी के खिलाफ सख्त कानून बनाकर सेवा करने की शक्ति देने के लिए गुरु साहिब का धन्यवाद किया। इस अवसर पर मैंने पंजाब की चढ़दी कला, सरबत के भले और राज्य को फिर से ‘रंगला पंजाब’ बनाने की शक्ति और समझ देने का आशीर्वाद मांगा तथा अरदास की कि गुरु साहिब सभी पर अपनी कृपा बनाए रखें।”
संगत में हाजिरी भरने के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पूरे पंजाब की सिख संगत इस ऐतिहासिक कानून के पारित होने पर खुशी और संतोष व्यक्त कर रही है, जो श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी की घटनाओं पर रोक लगाएगा। उन्होंने कहा कि परमात्मा का धन्यवाद करने के लिए आज ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब में श्री अखंड पाठ साहिब के भोग डाले गए और वे संगत के साथ अरदास में शामिल होने पहुंचे थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कानून लागू होने के बाद पंजाब के लोग राज्य के कोने-कोने में धन्यवाद समारोह आयोजित कर रहे हैं, क्योंकि यह कानून लोगों की भावनाओं से जुड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि उन्हें ऐसे धार्मिक कार्यक्रमों में शामिल होने के लिए रोजाना कई निमंत्रण मिल रहे हैं। उन्होंने कहा, “सर्वशक्तिमान परमात्मा ने मुझे ‘जगत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) एक्ट-2026’ लागू करने का अवसर देकर मानवता की सेवा की बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। यह कानून बेअदबी के लिए सख्त सजा का प्रावधान करता है।”
उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार द्वारा पारित यह कानून सुनिश्चित करेगा कि भविष्य में कोई भी बेअदबी जैसा अक्षम्य अपराध करने की हिम्मत न करे।
श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की मान-मर्यादा और सम्मान बनाए रखने के प्रति आम आदमी पार्टी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि बेअदबी की घटनाओं में शामिल किसी भी व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार सिख मर्यादा और लोगों की भावनाओं के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है और यह कानून भविष्य में ऐसी घटनाओं के खिलाफ मजबूत रोक के रूप में काम करेगा।
प्रधानमंत्री द्वारा लोगों से की गई हालिया अपीलों से जुड़े एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि “जुमलों के बादशाह” को देश के सामने सच बोलना चाहिए। उन्होंने कहा कि “यह स्पष्ट हो चुका है कि देश की लगाम आज व्हाइट हाउस के हाथों में है, जिसके कारण सभी बड़े फैसले उनकी सहमति के बाद ही लिए जा रहे हैं।”
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि भारत-पाकिस्तान तनाव जैसे मुद्दों के दौरान भी अमेरिकी अधिकारियों द्वारा निर्देश दिए गए, जो देश की संप्रभुता को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा करते हैं। उन्होंने कहा, “भारत को विश्व गुरु बनाने का दावा करने वाले वास्तव में देश को विश्व चेला बनाने की ओर बढ़ रहे हैं, क्योंकि आज आंख मूंदकर व्हाइट हाउस के निर्देशों का पालन किया जा रहा है।”
केंद्र की आर्थिक नीतियों पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि ‘मेक इन इंडिया’ के बड़े-बड़े दावों के बावजूद रक्षा क्षेत्र में एफडीआई की अनुमति जैसी नीतियों ने देश के हितों को कमजोर किया है। उन्होंने चेतावनी दी कि प्रस्तावित भारत-अमेरिका व्यापार समझौता भारतीय कृषि को गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है, जिसका किसानों पर बुरा असर पड़ेगा।
पंजाब में ईडी की छापेमारी पर मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि केंद्र सरकार राजनीतिक विरोधियों को दबाने के लिए केंद्रीय एजेंसियों का खुलकर दुरुपयोग कर रही है। उन्होंने कहा कि ईडी विपक्षी नेताओं को धमकाने और लोकतंत्र की आवाज दबाने का एक माध्यम बनकर रह गई है। मुख्यमंत्री ने कहा, “पंजाबी कभी भी ऐसी दबाव वाली राजनीति के आगे न झुके थे और न झुकेंगे। पंजाब के बहादुर और समझदार लोग इन कोशिशों का उचित जवाब देंगे।”









