आज समाचारहिमाचल प्रदेश

बर्फबारी से पहले 35 सडक़ों के टेंडर की तैयारी, 16 परियोजनाएं अभी भी पाइपलाइन में

राज्य सरकार की मंजूरी के बाद अब नाबार्ड ने सभी 35 प्रोजेक्ट पर काम शुरू करने की अनुमति दे दी है। पीडब्ल्यूडी इन प्रोजेक्ट पर बर्फबारी से पहले टेंडर प्रक्रिया पूरी करने की तैयारी में है। हालांकि बर्फबारी प्रभावित इलाकों में काम मार्च के बाद आगामी वित्तीय सत्र में भी शुरू किया जा सकता है। पीडब्ल्यूडी ने मौजूदा वित्तीय वर्ष में 51 प्रोजेक्ट प्रस्तावित किए थे और इनमें से 35 को पहले चरण में मंजूरी मिल गई है, जबकि 16 प्रोजेक्ट अभी भी पाइपलाइन में ही हैं। दरअसल, 35 प्रोजेक्ट की पहली मंजूरी 17 सितंबर को मिली थी और इसके लिए नाबार्ड ने राज्य सरकार को सभी औपचारिकताएं पूरी करने के लिए एक महीने का वक्त दिया था। पहली मंजूरी होने के बाद 16 प्रोजेक्ट पर नाबार्ड को प्रतिक्रिया देनी थी। 35 प्रोजेक्ट पर एडमिनिस्ट्रेटिव एप्रूवल एंड एक्सपेंडिचर सेंक्शन (एडीएस) पीडब्ल्यूडी मंत्री कार्यालय से मिलनी थी, जो मोहलत के आखिरी दिन 16 अक्तूबर को मिली है। इसके बाद पीडब्ल्यूडी ने उसी दिन इसे ईमेल के माध्यम से नाबार्ड को भेज दिया और अब नाबार्ड मुख्यालय में सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद काम शुरू करने का फैसला लिया गया है। इसके साथ ही 16 अन्य प्रोजेक्ट पर भी काम शुरू हो गया है।

पीडब्ल्यूडी ने नाबार्ड से प्रोजेक्ट मिलते ही सभी औपचारिकताएं दिसंबर में पूरी करवाने की बात कही है। गौर हो कि पीडब्ल्यूडी को नाबार्ड की तरफ से मौजूदा वित्तीय वर्ष में 295 करोड़ 64 लाख रुपए की पहली मंजूरी मिली है। ये सभी 35 सडक़ों के प्रोजेक्ट हैं, जो आगामी तीन साल में पूरे करने होंगे। इसके अलावा इन सडक़ों के रखरखाव की जिम्मेदारी भी निर्माता एजेंसी के कंधों पर ही रहेगी। इसके लिए नाबार्ड की तरफ से अतिरिक्त बजट का प्रबंध किया जाएगा। नाबार्ड के इस पूरे प्रोजेक्ट में राज्य सरकार की हिस्सेदारी महज दस फीसदी है और प्रदेश को 29 करोड़ 56 लाख रुपए चुकाने हैं, जबकि बाकी करीब 266 करोड़ ऋण के माध्यम से मिल रहे हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button