आज समाचार

सुप्रीम कोर्ट ने पंजाब सरकार को लगाई कड़ी फटकार

खनौरी बॉर्डर पर अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल की स्वास्थ्य स्थिति पर सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को पंजाब सरकार को कड़ी फटकार लगाई। कोर्ट ने राज्य सरकार से सवाल किया कि क्यों अब तक डल्लेवाल की चिकित्सा जांच सुनिश्चित नहीं की गई। किसानों को विरोध प्रदर्शन करने से कोई नहीं रोक रहा है, लेकिन उनके नेता की सुरक्षा और स्वास्थ्य को लेकर चिंता जायज है। न्यायमूर्ति सूर्यकांत और न्यायमूर्ति उज्ज्वल भुइयां की पीठ ने पंजाब सरकार से पूछा कि 70 वर्षीय एक व्यक्ति, जो 24 दिन से भूख हड़ताल पर है और विभिन्न बीमारियों से पीडि़त है, उसका स्वास्थ्य ठीक है? यह कैसे हो सकता है? कौन डाक्टर है, जो बिना किसी टेस्ट के डल्लेवाल को सही बता रहा है? आप कैसे कह सकते हैं डल्लेवाल ठीक हैं? जब उनकी कोई जांच नहीं हुई, ब्लड टेस्ट नहीं हुआ, ईसीजी नहीं हुई, तो कैसे कह सकते हैं कि वह ठीक हैं?

अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि डल्लेवाल के ठीक होने के बाद ही उनके साथ बात की जाएगी। शीर्ष अदालत ने पंजाब सरकार से कहा कि डल्लेवाल को कम से कम एक सप्ताह तक इलाज कराने के लिए राजी करें और अन्य लोग प्रदर्शन जारी रख सकते हैं। कोर्ट ने कहा कि कोई भी किसानों को विरोध प्रदर्शन से डिगाने की कोशिश नहीं कर रहा है, केवल उनके नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल की सुरक्षा सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है। शीर्ष अदालत ने उल्लेख किया कि इरोम शर्मिला ने भी चिकित्सकीय निगरानी में अपना विरोध प्रदर्शन जारी रखा था। शीर्ष अदालत ने पंजाब के महाधिवक्ता गुरमिंदर सिंह से कहा कि वह डल्लेवाल को कम से कम एक सप्ताह के लिए इलाज कराने लेने के लिए राजी करें, अन्य लोग विरोध प्रदर्शन जारी रख सकते हैं। सिंह ने डल्लेवाल को समझाने और उनकी कुशलक्षेम सुनिश्चित करने के लिए उन्हें अदालत की भावनाओं से अवगत कराने के वास्ते एक दिन का समय मांगा। पीठ ने मामले को 20 दिसंबर के लिए सूचीबद्ध कर दिया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button