
श्री आनंदपुर साहिब, 13 फ़रवरी 2026:
होला मोहल्ला 2026 के अवसर पर देश-विदेश से आने वाले लाखों श्रद्धालुओं के लिए पुख्ता व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के उद्देश्य से पंजाब के शिक्षा तथा सूचना एवं जनसंपर्क मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने बताया कि इस वर्ष मेले के दौरान टेंट सिटी, ट्रॉली सिटी और ई-रिक्शा सेवाएं सुव्यवस्थित ढंग से उपलब्ध करवाई जाएंगी। उन्होंने कहा कि विश्व-प्रसिद्ध विरासत‑ए‑खालसा में भव्य आतिशबाज़ी के दृश्य होंगे और पूरी गुरु नगरी को आकर्षक लाइटों से सजाया जाएगा।
मंत्री ने बताया कि भगवंत सिंह मान के निर्देशों के अनुसार श्रद्धालुओं की ठहरने की समस्या को देखते हुए श्री आनंदपुर साहिब में स्थायी टेंट सिटी और ट्रॉली सिटी स्थापित की जा रही हैं। मेले के दौरान बड़े पैमाने पर आने वाले वाहनों के लिए विशाल पार्किंग स्थल, हेल्प डेस्क, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था, शौचालय, शटल बस सेवा और ई-रिक्शा की सुविधा होगी। मेले की संपूर्ण जानकारी के लिए 20 एलईडी स्क्रीन और पब्लिक एड्रेस सिस्टम भी लगाए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि श्री आनंदपुर साहिब और कीरतपुर साहिब में स्वच्छता, निर्बाध बिजली-जल आपूर्ति, यातायात, सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के विशेष इंतज़ाम होंगे। होला मोहल्ला के आयोजन को लेकर जिला प्रशासन के साथ विशेष बैठकें की जा रही हैं। 27-28 फ़रवरी और 1 मार्च को कीरतपुर साहिब तथा 2-3-4 मार्च को श्री आनंदपुर साहिब में यह पर्व मनाया जाएगा।
मंत्री बैंस ने बताया कि मेले के पूरे क्षेत्र को 11 सेक्टरों में बांटा गया है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए दो स्थानों पर ट्रॉली सिटी (झिंजड़ी और चरण गंगा खड्ड—लगभग साढ़े पाँच एकड़) तथा 8 एकड़ में टेंट सिटी स्थापित की जा रही है, जो पूरे वर्ष कार्यरत रहेगी। श्रद्धालुओं के लिए 60 शटल बसें और 100 ई-रिक्शा निःशुल्क उपलब्ध होंगे। मेले के दौरान मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजनाओं के कार्ड भी बनाए जाएंगे और हर सेक्टर में आम आदमी क्लीनिक स्थापित होंगे, जहां डॉक्टरों की टीमें निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाएं देंगी। निहंग सिंहों के घोड़ों के लिए विशेष पशु-चिकित्सा डिस्पेंसरी भी बनाई जाएंगी।
सुरक्षा के लिए विशेष टीमें तैनात की गई हैं। इस वर्ष सिंगल-यूज़ प्लास्टिक पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा और श्री आनंदपुर साहिब की सीमा में शराब, मांस तथा तंबाकू उत्पादों की बिक्री व उपयोग पर सख़्त पाबंदी होगी। धार्मिक मर्यादाओं के पालन की अपील भी की गई है।
मुख्य आकर्षण:
विरासत-ए-खालसा में क्राफ्ट मेला (पंजाब के हस्तशिल्प का प्रदर्शन) और चरण गंगा स्टेडियम में पारंपरिक खेल आयोजित किए जाएंगे, जो पंजाब की विरासत को उजागर करेंगे।
बैठक में जिला प्रशासन, पुलिस, स्वास्थ्य, परिवहन, पर्यटन तथा अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।









