
चंडीगढ़, 25 दिसंबर 2025: पंजाब सरकार के उद्योग एवं वाणिज्य, निवेश प्रोत्साहन और एनआरआई मामलों के माननीय कैबिनेट मंत्री श्री संजीव अरोड़ा ने 21 जुलाई 2025 को नई दिल्ली में केंद्रीय सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) मंत्री श्री जीतन राम मांझी से मुलाकात कर पंजाब के एमएसएमई इकोसिस्टम को सशक्त करने के लिए त्वरित सहयोग का आग्रह किया। इस दौरान उन्होंने विशेष रूप से जालंधर केंद्रित खेल सामान उद्योग पर जोर दिया।
बैठक के दौरान श्री संजीव अरोड़ा ने बताया कि पंजाब का खेल सामान उद्योग निर्यात की अपार संभावनाएं रखता है, लेकिन इस क्षेत्र को प्रौद्योगिकी उन्नयन, उत्पाद विकास, परीक्षण सुविधाओं और अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों के अनुपालन जैसी गंभीर चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने जालंधर में प्रोसेस-कम-प्रोडक्ट डेवलपमेंट सेंटर (PPDC), मेरठ के अधीन एक टेक्नोलॉजी एक्सटेंशन सेंटर (TEC) की स्थापना को मंजूरी देने की मांग की। यह प्रस्ताव राज्य सरकार द्वारा आवश्यक बुनियादी ढांचा उपलब्ध कराए जाने के बावजूद पिछले आठ महीनों से मंत्रालय में लंबित था।
इस मांग को स्वीकार करते हुए भारत सरकार के एमएसएमई मंत्रालय ने 18 दिसंबर 2025 को प्रधान निदेशक श्री आदित्य प्रकाश शर्मा के माध्यम से एक आधिकारिक पत्र जारी किया, जिसमें सरकारी चमड़ा एवं फुटवियर प्रौद्योगिकी संस्थान (GILFT), जालंधर में स्वीकृत टेक्नोलॉजी एक्सटेंशन सेंटर की स्थापना हेतु समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर और लीज डीड के निष्पादन की मांग की गई। यह मंजूरी हब एवं स्पोक मॉडल के अंतर्गत दी गई है, जिसके तहत TEC को PPDC, मेरठ द्वारा मार्गदर्शन प्रदान किया जाएगा। MoU पर 5 जनवरी 2026 को जालंधर में हस्ताक्षर किए जाएंगे।
पत्र के अनुसार, GILFT भवन के ग्राउंड, प्रथम और द्वितीय तल पर स्थित कुल 11,166 वर्ग फुट निर्मित क्षेत्र को इस केंद्र की स्थापना के लिए पहले ही निर्धारित किया जा चुका है। यह टेक्नोलॉजी एक्सटेंशन सेंटर उच्च स्तरीय उत्पाद एवं प्रक्रिया विकास, प्रौद्योगिकी हस्तांतरण, परीक्षण सुविधाएं, कौशल विकास और हैंडहोल्डिंग सहायता जैसी महत्वपूर्ण सेवाएं प्रदान करेगा, जिससे विशेष रूप से खेल सामान और उससे संबंधित विनिर्माण इकाइयों को बड़ा लाभ होगा।
इस निर्णय का स्वागत करते हुए श्री संजीव अरोड़ा ने केंद्रीय एमएसएमई मंत्री का समय पर हस्तक्षेप के लिए धन्यवाद किया और कहा कि यह टेक्नोलॉजी एक्सटेंशन सेंटर पंजाब के खेल सामान उद्योग के लिए गेम-चेंजर साबित होगा, जिससे प्रतिस्पर्धात्मकता में वृद्धि, गुणवत्ता मानकों में सुधार और निर्यात को नई गति मिलेगी। उन्होंने यह भी दोहराया कि केंद्र की त्वरित कार्यप्रणाली सुनिश्चित करने के लिए पंजाब सरकार पूर्ण सहयोग प्रदान करेगी।
यह पहल केंद्र–राज्य सहयोग की मजबूती को दर्शाती है, जिसका उद्देश्य एमएसएमई को सशक्त बनाना, नवाचार-आधारित विकास को प्रोत्साहित करना और पंजाब को एक प्रमुख विनिर्माण एवं निर्यात केंद्र के रूप में और अधिक मजबूत बनाना है।






