
चंडीगढ़, 28 दिसंबर 2025 :
पंजाब विधानसभा के स्पीकर सरदार कुलतार सिंह संधवां ने केंद्र सरकार द्वारा न्यूज़ीलैंड के सेबों पर आयात शुल्क को मुक्त व्यापार समझौते (FTA) के तहत 50 प्रतिशत से घटाकर 25 प्रतिशत करने के फैसले की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि यह निर्णय सेब उत्पादक किसानों के साथ “सीधा विश्वासघात” है और यह नीति स्वदेशी के नारे के पूरी तरह विपरीत है।
स्पीकर संधवां ने कहा कि केंद्र सरकार के ये कदम ईस्ट इंडिया कंपनी की याद दिलाते हैं, जहां देशी उत्पादकों को कमजोर कर विदेशी व्यावसायिक हितों को प्राथमिकता दी जाती थी। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की नीतियां देश की लगभग 5,000 करोड़ रुपये की सेब आधारित अर्थव्यवस्था के लिए गंभीर खतरा हैं।
उन्होंने जोर देकर कहा कि बागवानी पर निर्भर लाखों किसान परिवारों की आजीविका इस फैसले से प्रभावित होगी। स्पीकर ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार घरेलू उत्पादकों की सुरक्षा करने के अपने वादों को निभाने में असफल रही है।
सरदार संधवां ने केंद्र सरकार से अपील की कि वह इस फैसले पर तुरंत पुनर्विचार करे और देश के किसानों, विशेषकर बागवानी से जुड़े उत्पादकों के हितों की रक्षा सुनिश्चित करे।






