
अमृतसर, 9 फरवरी:
पंजाब को गैंगस्टर मुक्त राज्य बनाने के लिए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों पर शुरू की गई ‘गैंगस्टरों पर वार’ मुहिम के तहत एक खुफिया अभियान के दौरान अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने सीमा पार हथियार और नशा तस्करी मॉड्यूल से जुड़े पाँच कारिंदों को छह आधुनिक पिस्तौल, 115 ग्राम हेरोइन और 11.90 लाख रुपये की ड्रग मनी सहित गिरफ्तार कर इस गिरोह को निष्क्रिय कर दिया है। यह जानकारी आज यहाँ पंजाब के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने दी।
गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की पहचान सिमरनजीत सिंह उर्फ मन्नू (24), गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी (20), सुखराज सिंह उर्फ जोगा (24) और साजन सिंह उर्फ गुरसाजन सिंह उर्फ लड्डा — सभी निवासी गाँव रोडा वाला कलां (अमृतसर) — तथा अमृतसर के गाँव रणीके के निवासी मोलकदीप सिंह (23) के रूप में हुई है। बरामद पिस्तौलों में ऑस्ट्रिया निर्मित दो 9 एमएम ग्लॉक, तुर्की निर्मित एक जिगाना, दो .32 बोर और एक .30 बोर पिस्तौल शामिल हैं, साथ ही 10 जिंदा कारतूस भी बरामद किए गए हैं। पुलिस टीमों ने आरोपियों की हुंडई क्रेटा कार भी जब्त की है, जिसका इस्तेमाल वे तस्करी के लिए करते थे।
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि गिरफ्तार आरोपी सीमा पार तस्करी नेटवर्क से सक्रिय रूप से जुड़े हुए थे और ड्रोन के माध्यम से सीमा पार से हथियारों और नशीले पदार्थों की खेपें प्राप्त कर रहे थे। इस मामले में आगे-पीछे के संबंध स्थापित करने के लिए आगे की जांच जारी है।
पुलिस कमिश्नर (सीपी) अमृतसर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने कार्रवाई का विवरण साझा करते हुए बताया कि सीमा पार तस्करी संबंधों के बारे में पुख्ता और गोपनीय सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस टीमों ने सिमरनजीत उर्फ मन्नू, मोलकदीप सिंह, गुरप्रीत उर्फ गोपी, सुखराज उर्फ जोगा और साजन उर्फ गुरसाजन उर्फ लड्डा को एक कार सहित गिरफ्तार किया और उनके कब्जे से दो .32 बोर पिस्तौल बरामद कीं। उन्होंने बताया कि आगे की पूछताछ के बाद की गई बरामदगियों के दौरान चार अन्य पिस्तौल, 115 ग्राम हेरोइन और 11.90 लाख रुपये की ड्रग मनी जब्त की गई, जो संगठित अवैध हथियारों और नशीले पदार्थों की गतिविधियों में उनकी संलिप्तता की पुष्टि करती है।
सीपी ने बताया कि जांच से यह भी सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी सिमरनजीत उर्फ मन्नू, मोलकदीप सिंह और गुरप्रीत सिंह आपराधिक प्रवृत्ति के हैं और पहले भी एनडीपीएस एक्ट के मामलों में शामिल रह चुके हैं।
उन्होंने बताया कि जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी सिमरनजीत उर्फ मन्नू दुबई में ट्रक ड्राइवर के रूप में काम करता था। उन्होंने आगे कहा कि पुलिस टीमें इस नेटवर्क के वित्तीय लेन-देन और हवाला लिंक की भी जांच कर रही हैं।
इस संबंध में एफआईआर नंबर 21, दिनांक 03-02-2026, पुलिस स्टेशन छावनी, अमृतसर में आर्म्स एक्ट की धाराओं 25 और 25(8) तथा एनडीपीएस एक्ट की धाराओं 21(बी), 27(ए) और 29 के तहत मामला दर्ज किया गया है।









