
चंडीगढ़/अमृतसर, 6 अप्रैल: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों के अनुसार पंजाब को सुरक्षित राज्य बनाने के लिए जारी अभियान के दौरान बड़ी सफलता हासिल करते हुए पंजाब पुलिस के काउंटर इंटेलिजेंस (सी.आई.) विंग ने तीन आरोपियों को दो आर्गस हैंड ग्रेनेड और एक विदेशी ग्लॉक पिस्तौल सहित गिरफ्तार कर पाकिस्तान इंटेलिजेंस ऑपरेटिव्स (PIO) द्वारा संचालित आईएसआई समर्थित आतंकवादी मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है। यह जानकारी आज यहां डीजीपी पंजाब गौरव यादव ने दी।
गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की पहचान तरनतारन के गांव अम्मीशाह निवासी सरबजीत सिंह, अमृतसर के गांव नंगल पन्नूआं निवासी बिक्रमजीत सिंह और अमृतसर की इंदिरा कॉलोनी निवासी अमनदीप सिंह के रूप में हुई है।
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि बरामद किए गए ग्रेनेड्स पर पाकिस्तान ऑर्डनेंस फैक्ट्री (POF) की मार्किंग है, जो सरहद पार संबंधों की ओर इशारा करती है।
डीजीपी ने कहा कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि यह मॉड्यूल कई राज्यों में योजनाबद्ध तरीके से पुलिस संस्थानों को निशाना बनाने की गतिविधियों में शामिल था और आरोपियों की गिरफ्तारी से पुलिस ने उनके मंसूबों को पूरी तरह विफल कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस मॉड्यूल के अन्य सदस्यों की पहचान, ट्रैकिंग और गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।
एआईजी स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल (SSOC) अमृतसर सुखमिंदर सिंह मान ने ऑपरेशन का विवरण साझा करते हुए बताया कि खुफिया जानकारी के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस टीमों ने सरबजीत सिंह और अमनदीप सिंह को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से हैंड ग्रेनेड और पिस्तौल बरामद किए।
एआईजी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया कि इस समूह का मुख्य सदस्य और PIOs का प्राथमिक संपर्क बिक्रमजीत सिंह गुजरात के डीसा से संचालित हो रहा था। यह सूचना तुरंत एटीएस गुजरात के साथ साझा की गई और उनके सक्रिय सहयोग से आरोपी बिक्रमजीत सिंह को SSOC अमृतसर की टीम ने गिरफ्तार कर लिया।
एआईजी सुखमिंदर सिंह मान ने बताया कि जांच के दौरान यह खुलासा हुआ कि सभी आरोपी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से PIOs के संपर्क में थे। जांच में यह भी सामने आया कि आईएसआई हैंडलर्स के निर्देशों पर काम करते हुए यह समूह पंजाब और अन्य राज्यों में विभिन्न पुलिस संस्थानों पर ग्रेनेड हमले करने की योजना बना रहा था।
इस संबंध में पुलिस थाना SSOC अमृतसर में विस्फोटक पदार्थ (संशोधन) अधिनियम की धारा 4, आर्म्स एक्ट की धारा 25 और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 61(2) के तहत एफआईआर नंबर 21 दिनांक 03-04-2026 दर्ज की गई है









