
एसएएस नगर (मोहाली), 2 मई – भगवंत सिंह मान ने आज पंजाब के युवाओं को नौकरी ढूंढने वालों के बजाय नौकरी देने वाले बनने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ऐसा माहौल बना रही है, जहां युवा सरकारी सहयोग के साथ अपना कारोबार शुरू कर सकें। उन्होंने यह भी कहा कि अब रोजगार के लिए विदेश जाने की जरूरत खुद-ब-खुद कम हो रही है, क्योंकि पंजाब में ही नए अवसर पैदा किए जा रहे हैं।
मोहाली के सनेटा गांव में आयोजित ‘लोक मिलनी’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके खिलाफ कोई मुद्दा न होने के कारण विपक्ष झूठे और बेबुनियाद आरोप लगा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार राज्य के समग्र विकास के लिए काम कर रही है, जिससे विपक्षी दलों में बेचैनी है।
पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए मान ने कहा कि पहले की सरकारें खाली खजाने का बहाना बनाती थीं, जबकि उनकी सरकार साफ नीयत और मजबूत इच्छाशक्ति के साथ काम कर रही है। उन्होंने कहा कि सिस्टम में कोई कमी नहीं थी, बल्कि पहले नेताओं में राजनीतिक इच्छाशक्ति की कमी थी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वह लोगों की सेवा और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं और विपक्ष की आलोचना उन्हें उनके काम से नहीं रोक सकती। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों ने राज्य और जनता की भलाई के बजाय अपने निजी हितों को प्राथमिकता दी।
उन्होंने यह भी कहा कि विपक्ष उन्हें बदनाम करने के लिए साजिशें रच रहा है, लेकिन जनता इन प्रयासों को समझती है। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार में लोगों की समस्याओं का समाधान हो रहा है और पारदर्शी शासन दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि वह 5 मई को भारत के राष्ट्रपति से मुलाकात करेंगे और दल-बदल के खिलाफ सख्त कानून की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि दल-बदल जनता के जनादेश का अपमान है और इसे रोकना जरूरी है।
शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए मान ने B. R. Ambedkar के विचारों का हवाला दिया और कहा कि शिक्षा ही लोगों के जीवन स्तर को सुधारने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार शिक्षा क्षेत्र में बड़े सुधार कर रही है।
सरकार की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को धान सीजन में 8 घंटे से अधिक बिजली दी जा रही है, 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली की सुविधा दी गई है और करीब 90% उपभोक्ताओं के बिजली बिल शून्य आ रहे हैं। उन्होंने बताया कि 65,000 से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां दी गई हैं और लोगों को 10 लाख रुपये तक के कैशलेस इलाज के लिए स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ उठाना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि करदाताओं का पैसा पूरी पारदर्शिता के साथ जनता की भलाई के लिए खर्च किया जा रहा है और यही उनकी सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है।









