
लुधियाना, 8 जनवरी:
एक मजबूत राजनीतिक संदेश देते हुए ‘आप’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने नवनिर्वाचित जिला परिषद और ब्लॉक समिति सदस्यों से मुलाकात की और जोर देकर कहा कि पंजाब डर, गुंडागर्दी और धांधली वाली चुनावी राजनीति के दौर से निर्णायक रूप से बाहर आ चुका है। उन्होंने साथ ही यह भी ऐलान किया कि आम आदमी पार्टी (आप) सरकार अब ‘नशों के खिलाफ युद्ध’ की तर्ज पर गैंगस्टरों के खिलाफ बड़े स्तर पर अभियान शुरू करेगी।
पंचायत चुनावों में ‘आप’ की 70 प्रतिशत से अधिक सीटों पर शानदार जीत को साफ-सुथरी राजनीति और ईमानदार शासन के पक्ष में जनादेश बताते हुए ‘आप’ प्रमुख ने कहा कि पंजाब ने अपने इतिहास में अब तक के सबसे पारदर्शी स्थानीय निकाय चुनाव देखे हैं, जिनमें एक भी वोट में हेरफेर नहीं हुआ। वहीं मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि जन-हितैषी शासन ने पारंपरिक पार्टियों को अपने चुनावी घोषणापत्र दोबारा लिखने के लिए मजबूर कर दिया है।
“मैं श्री अकाल तख्त साहिब के समक्ष एक विनम्र सिख के रूप में पेश होऊंगा, अकाल तख्त का आदेश सर्वोपरि है”: भगवंत सिंह मान
श्री अकाल तख्त साहिब से जुड़े मुद्दे पर मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि वे सभी साक्ष्यों के साथ तख्त साहिब के समक्ष अवश्य पेश होंगे और प्रक्रिया का सभी चैनलों पर सीधा प्रसारण करने का अनुरोध भी करेंगे। उन्होंने कहा, “मैं वहां मुख्यमंत्री के रूप में नहीं, बल्कि एक विनम्र सिख के रूप में उपस्थित होऊंगा। श्री अकाल तख्त साहिब हर सिख के लिए पवित्र और हमारे समुदाय का सर्वोच्च धार्मिक स्थल है। उस दिन भले ही देश के राष्ट्रपति गुरु नानक देव विश्वविद्यालय, अमृतसर का दौरा कर रहे हों, फिर भी मैं श्री अकाल तख्त साहिब में अपनी उपस्थिति सुनिश्चित करूंगा।”
उन्होंने स्पष्ट किया कि श्री अकाल तख्त साहिब उनके लिए सर्वोपरि है और वहां से प्राप्त हर आदेश का वे सच्चे मन से पालन करेंगे। उन्होंने कहा कि अकाल तख्त साहिब का आदेश उनके और उनके परिवार के लिए हमेशा सर्वोच्च रहा है और रहेगा।
लुधियाना में चुने गए प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा, “सबसे पहले मैं आप सभी को बधाई देता हूं कि आप इतनी बड़ी संख्या में जिला परिषदों और ब्लॉक समितियों के सदस्य चुने गए हैं। यह गर्व की बात है कि इन चुनावों में ‘आप’ ने कुल सीटों में से 70 प्रतिशत से अधिक पर जीत हासिल की है।”
उन्होंने कहा कि पहले सत्ताधारी पार्टियां पंचायत चुनाव ताकत, गुंडागर्दी और धांधली के जरिए जीतती थीं, लेकिन आज चार साल बाद हुए चुनाव पूरी तरह निष्पक्ष और शांतिपूर्ण रहे। उन्होंने बताया कि 600 से अधिक सीटों पर जीत का अंतर 100 वोटों से भी कम रहा और 350 से ज्यादा सीटें विपक्ष ने जीतीं, जो लोकतंत्र की मजबूती का प्रमाण है।
केजरीवाल ने कहा कि यदि ‘आप’ सत्ता का दुरुपयोग करना चाहती तो ऐसा करना आसान था, लेकिन पार्टी राजनीति को साफ करने और डर-गुंडागर्दी खत्म करने के उद्देश्य से बनी है। उन्होंने कहा कि पंजाब में नशों और अपराध की जड़ें पुरानी सरकारों के समय मजबूत हुईं, जिनके रिश्तेदार ही नशा तस्करी और गैंग चलाते थे।
उन्होंने दावा किया कि ‘आप’ सरकार ने नशा तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है—28,000 से अधिक मामले दर्ज किए गए हैं और 400 से ज्यादा बड़े तस्कर जेल में हैं। अब ‘नशों के खिलाफ युद्ध’ के दूसरे चरण के तहत हर गांव और हर घर तक पहुंच बनाई जा रही है।
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि चार साल के शासन के बाद भी 38 प्रतिशत वोट शेयर मिलना सरकार के कामों पर जनता की मुहर है। उन्होंने नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों से अपील की कि वे गांव-गांव जाकर लोगों से जुड़ें, अहंकार से बचें और सेवा भावना से काम करें, क्योंकि अहंकार ने ही पुरानी पार्टियों को बर्बाद किया है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई प्रतिनिधि भ्रष्टाचार या सत्ता के दुरुपयोग में लिप्त पाया गया तो उसका राजनीतिक भविष्य समाप्त हो जाएगा, लेकिन यदि वह सेवा के रास्ते पर चलता रहा तो ईश्वर उसे बहुत आगे तक ले जाएगा।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि अरविंद केजरीवाल की दूरदर्शी सोच ने देश की राजनीति की दिशा बदल दी है। शिक्षा, स्वास्थ्य और बिजली जैसे मुद्दे पहली बार राजनीति के केंद्र में आए हैं। उन्होंने नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों को बधाई देते हुए कहा कि स्थानीय निकाय चुनाव जीतना विधानसभा या लोकसभा चुनाव से भी अधिक चुनौतीपूर्ण होता है और यह जीत भविष्य की बड़ी जिम्मेदारियों की ओर पहला कदम है।
इस अवसर पर वरिष्ठ ‘आप’ नेता और पंजाब प्रभारी मनीष सिसोदिया ने कहा कि जनता ने नए प्रतिनिधियों को बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि ग्रामीण विकास के लिए फंड की कोई कमी नहीं आने दी जाएगी और पंजाब सरकार पूरी मजबूती से उनके साथ खड़ी रहेगी।





