
माहिलपुर/होशियारपुर, 22 मार्च :
पंजाब सरकार द्वारा नशों के खात्मे के लिए शुरू की गई मुहिम ‘युद्ध नशों के विरुद्ध’ के तहत शहीद-ए-आजम भगत सिंह की महान शहादत को समर्पित नेशनल मैराथन आज यहां स्थानीय श्री गुरु गोबिंद सिंह खालसा कॉलेज में आयोजित की गई। इस मैराथन में हर वर्ग के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और नशों के खिलाफ जागरूकता फैलाने के साथ-साथ खेलों को बढ़ावा देने का संकल्प लिया।
सुबह 4 बजे शुरू हुई इस मैराथन में 42 किलोमीटर वर्ग के धावकों को सुबह 5 बजे पंजाब विधानसभा के डिप्टी स्पीकर जय कृष्ण सिंह रौड़ी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने कहा कि पंजाबियों का उत्साह और बहादुरी नशों जैसी बुराई को खत्म करने में सक्षम है। उन्होंने यह भी कहा कि सभी के संयुक्त प्रयासों से नशों का पूर्ण खात्मा संभव है और पंजाब सरकार इस दिशा में लगातार सख्त कदम उठा रही है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों पर आयोजित इस मैराथन का उद्देश्य लोगों को नशों के खिलाफ जागरूक करना और युवाओं को खेलों के प्रति प्रेरित करना है। लोगों की भारी भागीदारी से यह स्पष्ट है कि सरकार के प्रयासों का सकारात्मक असर जमीन पर दिख रहा है।
डिप्टी स्पीकर जय कृष्ण सिंह रौड़ी ने 21 किलोमीटर और 10 किलोमीटर वर्ग के धावकों को भी रवाना करते हुए कहा कि युवाओं का उत्साह सराहनीय है और यह पहल नशों के खिलाफ मजबूत संदेश दे रही है। उन्होंने बताया कि पिछले चार वर्षों में नशों के खिलाफ कई बड़ी कार्रवाइयां की गई हैं।
इस मौके पर मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की पत्नी डॉ. गुरप्रीत कौर ने 5 किलोमीटर मैराथन को हरी झंडी दिखाई और कहा कि लड़कियों की बड़ी भागीदारी बेहद प्रशंसनीय है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार युवाओं को नशों से दूर रखने और खेलों को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है।
शहीद भगत सिंह के भतीजे किरणजीत सिंह संधू ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि यह युवाओं को स्वस्थ जीवन की ओर प्रेरित करने का बेहतरीन प्रयास है।
मैराथन में भागीदारी और इनाम राशि :
42 किलोमीटर में 142, 21 किलोमीटर में 350, 10 किलोमीटर में 513 और 5 किलोमीटर में 2867 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। विभिन्न वर्गों के विजेताओं को 1 लाख रुपये से लेकर 500 रुपये तक के आकर्षक पुरस्कार प्रदान किए गए।
इस अवसर पर कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी, प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि, सामाजिक संस्थाओं के सदस्य और बड़ी संख्या में विद्यार्थी मौजूद रहे।









