
चंडीगढ़, 27 फ़रवरी 2026
आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब के अध्यक्ष अमन अरोड़ा ने शुक्रवार को एक अहम प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि “सच्चाई को देर हो सकती है, लेकिन उसे कभी हराया नहीं जा सकता।” उन्होंने दावा किया कि कथित शराब घोटाला मामले में अरविंद केजरीवाल, वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया और पार्टी के अन्य साथियों का बरी होना केवल ‘आप’ की जीत नहीं, बल्कि सच्चाई और न्याय की जीत है। इस अवसर पर ‘आप’ मंत्री हरजोत सिंह बैंस और हरदीप सिंह मुंडियां भी मौजूद थे।
अरोड़ा ने कहा कि यह साबित करता है कि न्याय में देरी हो सकती है, लेकिन सच्चाई को खत्म नहीं किया जा सकता। आज अदालत ने उस झूठ के पुलिंदे का पर्दाफाश कर दिया है, जिसे भारतीय जनता पार्टी की अगुवाई वाली केंद्र सरकार ने अपनी एजेंसियों के जरिए तैयार किया था।
उन्होंने कहा कि विशेष अदालत ने अरविंद केजरीवाल को राजनीतिक रूप से तबाह करने के लिए भाजपा द्वारा रची गई बेबुनियाद और मनगढ़ंत साजिश को पूरी तरह खारिज कर दिया है। अरोड़ा ने बताया कि करीब छह महीनों तक एक मौजूदा मुख्यमंत्री को उनके घर से उठाकर जेल में डाला गया। मनीष सिसोदिया को लगभग दो साल जेल में रखा गया। यह सब केवल उन्हें बदनाम करने, उनकी राजनीतिक पहचान मिटाने और उनकी बढ़ती लोकप्रियता को खत्म करने के लिए किया गया था।
अरोड़ा ने कहा कि अदालत ने न केवल अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और अन्य को सम्मानपूर्वक बरी किया है, बल्कि जांच एजेंसियों के खिलाफ सख्त टिप्पणियां भी की हैं। अदालत ने स्पष्ट रूप से कहा कि कोई प्राइमा फेसि (प्राथमिक) मामला नहीं बनता। सरकारी पक्ष की थ्योरी महज़ अटकलों के अलावा कुछ नहीं थी। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो ने साजिश का एक नैरेटिव गढ़ने की कोशिश की, लेकिन उसमें कोई सच्चाई नहीं थी।
उन्होंने आगे कहा कि अदालत ने यहां तक संकेत दिया है कि इस साजिश को गढ़ने और अंजाम देने वाले अधिकारियों के खिलाफ विभागीय जांच शुरू की जानी चाहिए। इसे बेमिसाल बताते हुए अरोड़ा ने कहा कि देश के इतिहास में पहली बार अरविंद केजरीवाल जैसे मौजूदा मुख्यमंत्री को केवल इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि भाजपा उनकी ईमानदारी और लोकप्रियता से डरती थी। उन्हें राजनीतिक रूप से खत्म करने के लिए झूठे मामले में फंसाया गया था।
अरोड़ा ने सीधे तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को निशाना बनाते हुए सार्वजनिक माफी की मांग की। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी और अमित शाह देश के लोगों के देनदार हैं। उन्हें अरविंद केजरीवाल के राजनीतिक करियर को खत्म करने के लिए रची गई इस साजिश के लिए माफी मांगनी चाहिए। ऐसी निम्नस्तरीय राजनीति ने कभी किसी को महान नहीं बनाया। कोई भी नेता विकास और जनसेवा के माध्यम से बड़ी लकीर खींचकर बड़ा बनता है, न कि राजनीतिक विरोधियों को झूठे मामलों में फंसाकर।
अरोड़ा ने कहा कि यह केवल अरविंद केजरीवाल की जीत नहीं है, न ही केवल मनीष सिसोदिया या आम आदमी पार्टी की जीत है—यह सच्चाई की जीत है। ईश्वर ने न्याय किया है। सच्चाई को कभी मिटाया नहीं जा सकता।
अमन अरोड़ा ने दोहराया कि भाजपा को राजनीतिक बदले की भावना से केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग और देश में शिक्षा क्रांति लाने वाले नेताओं को बदनाम करने की कोशिश के लिए देश से माफी मांगनी चाहिए।
‘आप’ पंजाब के अध्यक्ष ने केंद्र सरकार से अपील करते हुए कहा कि वह बदले की राजनीति के बजाय शासन और विकास पर ध्यान दे। झूठे मामलों के जरिए राजनीतिक विरोधियों को खत्म करने की कोशिश करने के बजाय, भाजपा को देश के विकास के लिए काम करना चाहिए और आम लोगों के वास्तविक मुद्दों का समाधान करना चाहिए।









