
चंडीगढ़, 20 मार्च:
आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब के स्टेट मीडिया इंचार्ज बलतेज पन्नू ने शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल के हालिया बयानों पर तीखा पलटवार किया है। पन्नू ने कहा कि बादल ‘आप’ सरकार को बेअदबी की घटनाओं के लिए जिम्मेदार ठहराकर अपनी राजनीतिक जमीन बचाने की नाकाम कोशिश कर रहे हैं, जबकि पंजाब की जनता उनकी हकीकत से भली-भांति परिचित है।
पन्नू ने सुखबीर बादल की याददाश्त पर सवाल उठाते हुए कहा कि वे दावा कर रहे हैं कि ‘आप’ के सत्ता में आने के बाद पंजाब में बेअदबी शुरू हुई। उन्होंने कहा कि शायद बादल यह भूल गए हैं कि 1986 में नक़ोदर में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी की घटना हुई थी और न्याय की मांग कर रहे चार युवाओं की शहादत हुई थी—उस समय ‘आप’ कहां थी?
उन्होंने 2015 की घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि जून 2015 में बरगड़ी (बुर्ज जवाहर सिंह वाला) से श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का पावन स्वरूप चोरी हुआ और बाद में बेअदबी की घटनाएं हुईं। उस समय पंजाब में अकाली दल की सरकार थी, न कि ‘आप’ की। पन्नू ने आरोप लगाया कि उस समय की सरकार ने ही दोषियों को संरक्षण दिया।
उन्होंने आगे कहा कि कोटकपूरा में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रही संगत पर पुलिस द्वारा बल प्रयोग किया गया और बहिबल कलां में गोलीबारी में दो निर्दोष सिख मारे गए। जस्टिस रणजीत सिंह आयोग और जस्टिस जोरा सिंह आयोग की रिपोर्टों में इन घटनाओं के पीछे जिम्मेदार लोगों की ओर संकेत किया गया है। पन्नू ने यह भी कहा कि सुखबीर बादल वर्तमान में कोटकपूरा मामले में जमानत पर हैं।
पन्नू ने आरोप लगाया कि 2007 से 2017 तक का अकाली दल का शासन पंजाब के इतिहास का एक काला अध्याय रहा, जिसमें राज्य को नशे, भ्रष्टाचार और बेअदबी के दौर में धकेला गया। उन्होंने कहा कि अब अपनी जिम्मेदारियों से बचने के लिए बादल ‘आप’ पर बेबुनियाद आरोप लगा रहे हैं, लेकिन पंजाब की जनता उन्हें माफ नहीं करेगी।









